हमारा राजस्थान में 1857 ई. की क्रांति

        भारत में आजादी के लिए चेतना और संघर्ष का इतिहास हमारे लिए स्मरणीय है । यह 1857 ई. से शुरू होता है । 1857 ई. का स्वतंत्रता संग्राम, भारतीय इतिहास की महत्त्वपूर्ण घटना है । 1818 ई. तक राजस्थान के विभिन्न राज्यों ने अंग्रेजों से संधिया कर ली थी, जिसमें यह … Read more

18 वीं सदी का हमारा राजस्थान

        18 वीं सदी का हमारा राजस्थान से सम्बंधित मराठा शक्ति को सर्वप्रथम शिवाजी ने संगठित किया । औरंगजेब की मृत्यु के पश्चात , मराठा शक्ति ने उत्तर भारत में विस्तार की नीति अपनाई , जिससे वे मालवा व गुजरात में आक्रमण करने लगे । मराठों का मालवा व गुजरात पर आक्रमण … Read more

हमारा राजस्थान के जल संसाधन और संरक्षण

        जल की उपलब्धता के कारण ही पृथ्वी पर जीवन संभव है । जल का उपयोग पेयजल , दैनिक घरेलू कार्य , सिंचाई व उद्योग आदि कार्यों में किया जाता है । जल के समस्त स्रोत जल संसाधन कहलाते हैं । राजस्थान के मुख्य जल स्रोतों में झीलें , नदियाँ और उन … Read more

प्रेरक प्रसंग | Motivational Incident | 11-20

प्रेरक प्रसंग | Motivational Incident अति लोभ से मृत्यु निश्चित               दुर्भिक्ष की छाया बहुत त्रासदायक होती है। वह सबको लील जाती है। एक बार देश में भयंकर अकाल पड़ा। पशु – पक्षी ही क्या, मनुष्य तक भूखे मरने लगे और भोजन की तलाश में दर – दर भटकने लगे। … Read more

हमारा राजस्थान का इतिहास जानने के सोत | Rajasthan History Sources

हमारा राजस्थान का इतिहास जानने के सोत                    प्राचीनकाल के इतिहास के अध्ययन से हमें सभ्यता के क्रमिक विकास का ज्ञान होता है। हमारा राजस्थान का इतिहास जानने के अनेक स्रोत हैं, जिन्हें मुख्यतः दो भागों में विभक्त किया गया है – पुरातात्विक एवं साहित्यिक स्रोत । … Read more

चार सच्चे मित्र | Four True Friends

चार सच्चे मित्र की कहानी                  एक समय की बात है, एक जंगल में  एक विशाल वृक्ष पर मोंटी नाम का कौआ रहता था। उसी वृक्ष के कोटर में हिरा  नामक एक चूहा भी रहता था। पास की एक झील में मन्धार नामक कछुआ रहता था। कौआ , … Read more

मूल अधिकार | Fundamental Rights

भारत के संविधान में मूल अधिकार मूल अधिकार का अर्थ एवं महत्त्व :-             मूल अधिकारों की व्यवस्था भारत के संविधान की एक प्रमुख विशेषता है। मूल अधिकार उन अधिकारों को कहा जाता है जो व्यक्ति के लिये मौलिक तथा अनिवार्य होने के कारण संविधान द्वारा प्रदान किये जाते हैं … Read more

उद्देशिका | प्रस्तावना | Introduction of Constitution

उद्देशिका | प्रस्तावना               प्रत्येक संविधान के प्रारम्भ में समान्यतया एक प्रस्तावना होती है, जिसके द्वारा संविधान में मूल उद्देश्यों व लक्ष्यों को स्पष्ट किया जाता है। जिसका मुख्य प्रयोजन संविधान निर्माताओं के विचारों तथा उद्देश्यों को स्पष्ट करना होता है, जिससे संविधान की क्रियान्विति तथा उसके पालन में … Read more